बिहार में भाजपा के पहले मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी ने सदन में बहुमत साबित कर दिया है। इस बिच सदन में विश्वास मत के प्रस्ताव पर एनडीए और विपक्ष के नेताओं के बीच बहस हुई। तेजस्वी ने प्रस्ताव के विरोध में कहा कि 25 से 30, फिर से नीतीश बोलकर बीजेपी ने नीतीश को फिनिश कर दिया है। जवाब देते हुए सीएम सम्राट चौधरी ने कहा कि नीतीश कुमार को कोई हटा नहीं सकता, बल्कि उनकी इच्छाशक्ति से आज वो मुख्यमंत्री बने हैं।

सम्राट चौधरी ने उम्र, नाम और डिग्री को लेकर उठ रहे सवालों का भी विधानसभा के जरिए जवाब दिया और लालू यादव की पाठशाला से निकले होने वाले तेजस्वी यादव के बयान पर सम्राट चौधरी ने कहा कि सत्ता किसी की बपौती नहीं है। उन्होंने कहा कि नीतीश नहीं होते तो लालू विधायक बन जाते, लेकिन नेता नहीं बन पाते।सम्राट चौधरी ने कहा कि नीतीश कुमार को कोई नहीं हटा सकता। न कुर्सी से, न दिल से। बिहार की जनता के दिल में आज भी नीतीश हैं।

मुख्नेयमंत्री ने कहा कि प्रखंड, अंचल और थाना पर मुख्यमंत्री कार्यालय से सीधी नजर रखी जाएगी। वहां किसी प्रकार की गड़बड़ी स्वीकार्य नहीं होगी। चौधरी ने लालू पर तीखा वार किया और कहा कि मुझे मुख्यमंत्री बनाने में उनकी भी भूमिका है। उनके अत्याचार के कारण ही मैं सीएम बन पाया। उन्होंने मेरे ऊपर अत्याचार किया और मैं राजनीति में आ गया। यदि उन्होंने मेरे ऊपर अत्चायार नहीं किया होता तो मेरा रास्ता राजनीति से अलग होता। लालू ने मुझे और मेरे 22 संबधियों को फर्जी केस में जेल में डाल दिया। बाद में मिलर स्कूल के मैदान में लालू ने इसके लिए माफी भी मांगी।
