केंद्रीय शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान के इस्तीफे पर प्रतिक्रिया व्यक्त करते हुए राजद प्रवक्ता चित्तरंजन गगन ने इसे भारतीय लोकतंत्र की ताकत बताते हुए छात्र-युवा शक्ति की जीत बताई है।
उन्होंने कहा कि “केंद्रीय मंत्री धर्मेंद्र प्रधान का इस्तीफा, नैतिकता के आधार पर दिया गया इस्तीफा नहीं है, ये मजबूरी में दिया गया है। अगर ये नैतिकता के आधार पर दिया गया इस्तीफा होता तो पेपर लीक के अगले ही दिन दे दिया गया होता।देश की राजधानी से लेकर, अन्य प्रदेशों की राजधानी और अन्य शहरों तक छात्रों की नाराजगी सरकार के खिलाफ सड़कों पर आ गई है। जिससे डरकर और प्रधानमंत्री की कुर्सी को बचाने के लिए ये इस्तीफा दिया गया है।”
राजद प्रवक्ता ने कहा कि सत्ता के मद में यह दावा करने कि “इस सरकार में इस्तीफा नहीं दिया जाता” उन्हें अब जनता के ताकत का एहसास हो चुका है।
